थायराइड की बीमारी को ठीक करने के बेहतरीन घरेलू उपचार.

थायराइड की बीमारी को ठीक करने के बेहतरीन घरेलू उपचार.
थायराइड की बीमारी को ठीक करने के बेहतरीन घरेलू उपचार.

थायराइड क्या होता है:- थायराइड 1 ग्रंथि होती है जो हमारे  गले के निचले हिस्से में पाई जाती है . इसी को ही थायराइड ग्रंथि कहते हैं . थायराइड की इस ग्रंथि से एक हार्मोन बाहर निकलता है जैसे थायरोक्सिन कहते हैं . थायरोक्सिन हार्मोन हमारे शरीर में बहुत से महत्वपूर्ण काम करता है . जैसे कि मेटाबॉलिज्म को बढ़ाता है यानी की पाचन प्रणाली को कंट्रोल करना, बॉडी की एनर्जी को कंट्रोल करना, शरीर में प्रोटीन के उत्पादन को कंट्रोल करना और दूसरे हारमोंस के प्रति संवेदनशीलता को कंट्रोल करना .यह हार्मोन हमारे शरीर के सभी हिस्सों पर अपना असर डालता है जैसे कि Heart, Liver, Kideny आदि . हमारे शरीर का कोई भी हिस्सा किस हारमोंस से छूटता नहीं है . इस प्रकार यह हमारी Body के लिए एक बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण हारमोंस माना जाता है .

थायराइड ग्रंथि शरीर के अंदर दो तरह के हारमोंस बनाती है . एक है T3 और दूसरी T4 .
T3:- इसे Triiodothyronine कहते हैं .
T4:- इसे Thyroid function tests कहते हैं .
जब इन दोनों हारमोंस का Disbalnce बिगड़ जाता है और थायराइड ग्रंथि इन दोनों हारमोंस को सही से नहीं बना पाती है तो इसे थायराइड की बीमारी कहा जाता है .
थायराइड दो प्रकार का होता है एक है Hyperthyroidism और दूसरा Hypothyroidism .
Hyperthyroidism:- Hyperthyroidism की इस कंडीशन में थायराइड ग्रंथि जरूरत से ज्यादा हारमोंस को पैदा करती है .
Hypothyroidism:- Hypothyroidism कि इस कंडीशन में थायराइड ग्रंथि जरूरत से कम हारमोंस पैदा करती है .
अगर थायराइड की बीमारी का समय पर इलाज ना किया जाए तो इससे आपके शरीर को बहुत ही ज्यादा नुकसान होता है आइए जान लेते हैं उन नुकसान के बारे में .

थायराइड की बीमारी के कारण :-

आयोडीन की कमी

जब किसी भी व्यक्ति के शरीर में जरूरत से ज्यादा आयोडीन की कमी हो जाती है तो उस व्यक्ति को थायराइड की बीमारी हो सकती है .

ज्यादा तनाव लेना

जब कोई व्यक्ति किसी भी बात का ज्यादा तनाव ले लेता है तो उसका सीधा असर थायराइड ग्रंथि पर पड़ता है और उस व्यक्ति को थायराइड की बीमारी भी हो सकती है .

बहुत ज्यादा मात्रा में प्रोटीन का सेवन

अगर कोई व्यक्ति बहुत ही ज्यादा मात्रा में प्रोटीन का सेवन करता है तो उस व्यक्ति को भी थाइरोइड की बीमारी हो सकती है .

दवाई की वजह से

कई बार कुछ कुछ दवाइयों की वजह से भी थायराइड की बीमारी है हो जाती है .

पीयूष ग्रंथि के कारण

कभी-कभी पीयूष ग्रंथि के कारण भी थायराइड की बीमारी हो जाती है क्योंकि जब पीयूष ग्रंथि थायराइड ग्रंथि को हारमोंस बनाने का Signal नहीं देती है तो उस व्यक्ति को थायराइड बीमारी हो जाती है .

परिवार से प्रभावित

यदि आपके परिवार में किसी को भी थायराइड की समस्या है तो आपको भी थायराइड की बीमारी होने के सबसे ज्यादा चांसेस होते हैं . क्योंकि यह एक ऐसी बीमारी है जो पीढ़ी दर पीढ़ी चलती है . यह थायराइड का सबसे अहम कारण है .

Graves रोग

Graves रोग थायराइड की बीमारी का सबसे बड़ा कारण है . इसमें थायराइड ग्रंथि से थायराइड हार्मोन का स्त्राव बहुत ज्यादा बढ़ जाता है . Graves रोग ज्यादातर 20 से 40 की उम्र की महिलाओं को ज्यादा प्रभावित करता है .

गर्भावस्था

गर्भावस्था एक ऐसी अवस्था होती है जो किसी भी स्त्री के लिए बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण होती है इसमें महिलाओं के शरीर में बहुत ही बड़े पैमाने पर बदलाव आते हैं और वह तनावग्रस्त रहती है .

थायराइड के लक्षण :-

थायराइड की बीमारी को Silent Killer माना जाता है क्योंकि यह किसी भी व्यक्ति को बहुत ही बाद में पता चलती है और इससे पहले थायराइड की बीमारी अपना काम कर चुकी होती है जो व्यक्ति के लिए बहुत ही ज्यादा नुकसानदायक होता है .

इम्यूनिटी पावर

थायराइड बीमारी का यह एक सबसे बड़ा लक्षण है कि जिस भी किसी व्यक्ति को थायराइड की बीमारी होती है उसका इम्यून सिस्टम और इम्यूनिटी पावर दोनों ही बहुत ही कम हो जाते हैं जिस वजह से वह व्यक्ति बहुत ही जल्दी जल्दी बीमार पड़ने लगता है और उस व्यक्ति को कई बीमारियां जकड़ लेती हैं .


थकान महसूस होना

थायराइड की बीमारी में किसी भी व्यक्ति को थोड़ा सा काम करते ही बहुत ज्यादा थकान महसूस होने लगती है .

डिप्रेशन का शिकार

ज्यादातर थायराइड की बीमारी में यह बात सामने आई है कि जिस भी व्यक्ति को थायराइड की बीमारी होती है वह व्यक्ति काफी डिप्रेशन में चला जाता है . और उसका किसी भी काम में मन नहीं लगता है . डिप्रेशन में जाना थायराइड की बीमारी का एक सबसे बड़ा लक्षण है .

याददाश्त कमजोर होना

थायराइड की बीमारी में व्यक्ति की याददाश्त बहुत ज्यादा कमजोर हो जाती है और वह अपनी चीजें रखकर भूलने लगता है .

जोड़ों का दर्द

थायराइड की बीमारी का सबसे बड़ा लक्षण है कि यह बीमारी जिस भी व्यक्ति को होती है उस व्यक्ति को जोड़ों के दर्द की समस्या रहने लगती है और उस व्यक्ति को आए दिन  जोड़ों में दर्द रहने लगता है .

कैल्शियम की कमी

थायराइड की बीमारी में व्यक्ति के शरीर में कैल्शियम की बहुत ही ज्यादा कमी हो जाती है जिस वजह से उस व्यक्ति की हड्डियां भी बहुत कमजोर हो जाती है और उसकी हड्डियों में दर्द रहने लगता है .

दिल की धड़कन

थायराइड की बीमारी में किसी भी व्यक्ति के दिल की धड़कन अनियमित हो सकती है जिसका मतलब है कि उस व्यक्ति की दिल की धड़कन बहुत ही ज्यादा तेज धड़क भी सकती है और बहुत कम भी भड़क सकती है जो एक बहुत ही ज्यादा चिंता का विषय है .

ज्यादा नींद आना

थायराइड की बीमारी में व्यक्ति को बहुत ही ज्यादा नींद आने लगती है वह हर समय सोने लग जाता है .

कब्ज

थायराइड की बीमारी का यह एक सबसे बड़ा लक्षण है कि जिस भी व्यक्ति को थायराइड की बीमारी होती है उस व्यक्ति को कब्ज की समस्या रहने लगती है उस व्यक्ति का पेट कभी सही से साफ नहीं हो पाता है .

बालों की समस्या

थायराइड की बीमारी में किसी भी व्यक्ति के बाल बहुत ही ज्यादा कमजोर हो जाते हैं और वह जल्दी ही झड़ने लगते हैं .

हाथ पैर ठंडे होना

थायराइड की बीमारी का यह भी एक बहुत ही बड़ा लक्षण है कि जिस व्यक्ति को यह बीमारी हो जाती है उस व्यक्ति के हाथ पैर ठंडे रहने लगते हैं . हमारे शरीर के सामान्य तापमान से भी ज्यादा हाथ पैर ठंडे रहने लगते हैं जो एक चिंता का विषय है .

रूखी त्वचा

थायराइड की बीमारी में व्यक्ति की ऊपरी त्वचा एकदम रूखी और बेजान हो जाती है . क्योंकि शरीर के अंदर जरूरी पोषक हारमोंस banna एकदम बंद हो जाते हैं . जिस वजह से शरीर की सुंदरता और उसकी चमक एकदम खत्म हो जाती है .

जुकाम की समस्या

थायराइड की बीमारी का यह एक सबसे बड़ा लक्षण है कि व्यक्ति को बहुत ही ज्यादा जो काम रहने लगता है जुकाम ठीक होने के बाद भी अगले दिन या 2 दिन बाद फिर से उस व्यक्ति को जुकाम हो जाता है .
थायराइड की बीमारी होने पर ज्यादातर व्यक्ति या महिलाओं को कब्ज की शिकायत रहने लगती है जिसका एक मतलब आपको थायराइड की बीमारी भी हो सकती है . अगर आपको इनमें से कोई भी लक्षण दिखाई देता है तो आप अपने फैमिली डॉक्टर से तुरंत चला ले और उसे यह सारे लक्षणों के बारे में बताएं .थायराइड की बीमारी का पता लगाने के लिए आप टी एस एच की जांच करवा सकते हैं .
TSH:- TSH 1 मास्टर हारमोंस होता है जो थायराइड ग्रंथि पर अपना नियंत्रण बनाए रखता है . यदि TSH का स्तर  अधिक है तो इसका मतलब है कि आप की थायराइड ग्रंथि कम काम कर रही है . और इसके विपरीत TSH कम काम कर रही है तो इसके थायराइड ग्रंथि के हाइपर होने की ओर इशारा करता है .
आप इसके अलावा रक्त में मौजूद थायराइड हारमोंस T3 और T4 की भी जांच करवा सकते हैं .

अगर किसी को थायराइड की बीमारी है तो हम उसका इलाज 3 तरह से करेंगे .

घरेलू नुस्खों से
आयुर्वेद से
योग से

घरेलू नुस्खों से थायराइड की बीमारी का इलाज :-

लौकी का जूस

थायराइड की बीमारी को खत्म करने के लिए लौकी का जूस बहुत ही ज्यादा लाभदायक होता है . सुबह के समय लौकी का जूस बनाते समय उसके अंदर तीन से चार पत्ते तुलसी के बीज डाल दीजिए और उस जूस का सेवन खाली पेट करें .

मछली का तेल

थायराइड की बीमारी को ठीक करने के लिए मछली का तेल बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है . यह थायराइड हारमोंस और थायराइड ग्रंथि को स्वस्थ बनाए रखने के लिए बहुत ही ज्यादा लाभदायक होता है .रोजाना आप अपने खाने में मछली का तेल जरूर उपयोग करें इससे आपके गले की सूजन भी कम होगी और थायराइड भी बहुत ही जल्दी ठीक हो जाएगा .

सेब का सिरका

सेब का सिरका थायराइड की बीमारी को ठीक करने के लिए और थायराइड ग्रंथि के लिए बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है . इसके अलावा यह आपके हाई ब्लड प्रेशर, हाई कोलेस्ट्रॉल और डायबिटीज की बीमारी को खत्म करने के लिए भी बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है . एक गिलास पानी में दो चम्मच सेब का सिरका और एक चम्मच शहद मिलाकर हर रोज इस पानी का सेवन करने से आपकी थायराइड की बीमारी ठीक हो जाती है .

अदरक चाय

अदरक के अंदर भरपूर मात्रा में जिंक, पोटेशियम, मैग्नीशियम जैसे तत्व पाए जाते हैं जो हमारे थायराइड के काम करने की ताकत को और ज्यादा बढ़ा देते हैं और सूजन को कम करने में बहुत ज्यादा मददगार होता है .इस नुस्खे को बनाने के लिए हमें अदरक की हर्बल चाय बनानी है .
अदरक की हर्बल चाय को बनाने के लिए हमें अदरक के 24 छोटे-छोटे टुकड़े एक कप पानी के अंदर डालें और उस पानी को उबालें और जब वह उबल जाए तब उस पानी को थोड़ा ठंडा होने पर उस पानी के अंदर एक चम्मच शहद मिलाएं .अब इस चाय का दिन में दो से तीन बार जरूर सेवन करें आपके थायराइड की बीमारी एकदम ठीक हो जाएगी .


गोमूत्र

दोस्तों आप माने या ना माने लेकिन थायराइड की बीमारी को ठीक करने के लिए गोमूत्र भी एक बहुत ही ज्यादा अच्छा और असरदार उपाय है अगर आप हर रोज सुबह के समय खाली पेट दो से तीन चम्मच गोमूत्र का सेवन करते हैं तो आपकी थायराइड की बीमारी ठीक हो जाती है .

धनिया पाउडर

थायराइड की बीमारी से छुटकारा पाने के लिए आपको हर रोज एक चम्मच धनिया पाउडर को एक लाख पानी के अंदर डाल कर अच्छे से उबालना है और धीरे-धीरे उस पानी को पीना है . दिन में दो बार इस पानी को पीने से आपकी थायराइड की बीमारी एकदम ठीक हो जाएगी .

अजवाइन, दालचीनी और मेथी दाना

थायराइड की बीमारी को खत्म करने के लिए आपको इन तीनों चीजों को 25-25 ग्राम लेकर अच्छी तरह से पीसना है और हल्के गुनगुने पानी में आधा चम्मच मिलाकर इस पानी का सेवन करना है . इस पानी का सेवन आप दिन में कभी भी कर सकते हैं यह आपके थायराइड की बीमारी के लिए बहुत ही ज्यादा लाभदायक और कारगर सिद्ध होगा .

अलसी के बीज

थायराइड की बीमारी से छुटकारा पाने के लिए आप एक चम्मच अलसी के बीज को थोड़ा दर्द भरा कोर्ट कर उसमें थोड़ी सी दही और पांच पत्ते तुलसी के मिलाकर उसे अच्छी तरह से मिक्स करके उस दही का सेवन करते हैं तो आपकी थायराइड की बीमारी बहुत ही जल्द ठीक हो जाएगी .

काली मिर्च

थायराइड की बीमारी को दूर करने के लिए आप काली मिर्च का सेवन किसी भी तरह से कर सकते हैं लेकिन आपको हर रोज दो से तीन काली मिर्च का सेवन जरूर करना है .


एलोवेरा का जूस

सबसे ज्यादा असरदार और सबसे ज्यादा उपयोगी एलोवेरा का जूस माना जाता है . एलोवेरा के जूस को पीते समय उसके अंदर चार से पांच पत्ते तुलसी के मिलाकर उस एलोवेरा जूस को पिए हैं इससे आपकी थायराइड की बीमारी बहुत ही जल्दी ठीक हो जाती है .

अखरोट और बादाम

अखरोट और बादाम के अंदर चले नियम नामक तत्व पाए रहता है जो थायराइड की ग्रंथि के लिए बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है . थायराइड की बीमारी से छुटकारा पाने के लिए हर रोज अखरोट या बादाम दोनों में से किसी का भी दिन में दो बार सेवन जरूर करें .

लाल प्याज

थायराइड की बीमारी से छुटकारा पाने के लिए लाल प्याज भी बहुत ही ज्यादा उपयोगी मानी जाती है . लाल प्याज को बीच में से काट कर उसके दो हिस्से कर ले और अपनी थायराइड ग्रंथि के आसपास लाल प्याज से उसकी हल्के हाथ से मसाज करें और सुबह तक अपने गले को धोए नहीं  इससे आपकी थायराइड की बीमारी बहुत ही जल्दी ठीक हो जाएगी .

आयुर्वेद से थायराइड की बीमारी का इलाज

अश्वगंधा चूर्ण

अपने थायराइड बीमारी से छुटकारा पाने के लिए अगर कोई व्यक्ति अश्वगंधा चूर्ण को गाय के दूध के साथ अच्छे से मिलाकर उसका सेवन करता है तो इस बीमारी से बहुत ही जल्दी छुटकारा मिल जाता है .

भारंगी की जड़

भारंगी की जड़ थायराइड की बीमारी के लिए बहुत ही ज्यादा लाभदायक होती है . आप जड़ का पाउडर बना लें और उसके अंदर 1 ग्राम सोंठ,1 ग्राम पीपल और 1 ग्राम काली मिर्च इन तीनों को मिलाकर इन्हें क्षेत्र से पीसकर भारंगी के 3 ग्राम चूर्ण को एक साथ  हल्के गर्म पानी से लेने से थायराइड की बीमारी एकदम ठीक हो जाती है .

योगा से आयुर्वेद की बीमारी का इलाज

थायराइड की बीमारी में किसी भी योग क्रिया को करने से पहले अपने डॉक्टर गया अपनी फिजीशियन से योग क्रिया को करने के लिए परमिशन ले ले इसके बाद ही इन योग क्रिया को करना शुरू करें .
अगर आप थायराइड की बीमारी को खत्म करने के लिए कोई दवाई खा रहे हैं तो इसका मतलब यह ना निकाले कि अगर आप योगा कर रहे हैं तो आप बिल्कुल ही दवाई खाना बंद कर दे . आइए को 5 ऐसे योग आसनों के बारे में बताते हैं जिससे आपकी थायराइड की बीमारी खत्म हो जाएगी .

सर्वांगासन योग

अगर आप थायराइड की बीमारी से परेशान है तोआप सर्वांगासन योगा जरूर करें .इस आसन को करने से थायरोक्सिन को आसानी से काबू किया जा सकता है . सर्वांगासन करने से आपके शरीर के रक्त का प्रवाह बाहों से सिर की ओर होता है जिससे थायराइड लोगों को ठीक करने में बहुत ही ज्यादा मदद मिलती है .

हलासन योग

इस आसन को करने से आपके गर्दन पर दबाव पड़ता है जिससे आपके पेट और थायराइड ग्रंथियां उत्तेजित होती हैं इस आसन को करने से आपके दिमाग को शांति मिलती है और तनाव और थकान भी कम हो जाती है .

मत्स्यासन योग

इस आसन को करने पर मछली की आकृति बनती है इसलिए इसे मत्स्यासन कहा जाता है . इस आसन को करने से गर्दन पर खींचा पड़ता है और थायराइड ग्रंथि पर इसका सीधा असर होता है . मत्स्यासन को ज्यादा करने से थायराइड की बीमारी पर आपको बहुत ही जल्दी असर देखने को मिलता है . यह आसन तनाव को कम करने के साथ-साथ वीडियो और जोड़ों की कठोरता को भी कम करने के लिए बहुत ज्यादा उपयोगी होता है .

सेतुबंध आसन  योग

अगर दोस्तों आप थायराइड की बीमारी से जल्दी छुटकारा पाना चाहते हैं तो इस सेतुबंध आसन को अपने दैनिक जीवन में जरूर अपनाएं . इस आसन को अगर आप सफलतापूर्वक कर पाते हैं तो यह सब आपके लिए रामबाण उपाय भी साबित हो सकता है . क्योंकि इस आसन को करने पर आपकी गर्दन बहुत ही ज्यादा स्ट्रेस हो जाती है जिससे थायराइड ग्रंथि को आसानी से सक्रिय किया जा सकता है और थायराइड की बीमारी से जल्दी छुटकारा पाया जा सकता है . इसके अलावा यह आसन आपके दिमाग को शांत रखने, पेट से संबंधित बीमारियों के लिए और चिंता को कम करने के लिए बहुत ज्यादा फायदेमंद होता है .

विपरीत करनी आसन योग

अपनी थायराइड की बीमारी से जल्दी छुटकारा पाने के लिए अगर कोई व्यक्ति विपरीत करनी आसन करता है तो उस व्यक्ति को बहुत ही ज्यादा फायदा मिलता है . विपरीत करनी आसन को inverted pose के नाम से भी जाना जाता है .विपरीत करनी आसन अरे ग्रंथि को संतुलित करने में मदद करता है और हाइपो एक्टिव थायराइड से हुई जटिलताओं को भी आसान कर देता है . थायराइड की बीमारी से छुटकारा पाने के लिए इस आसन को जरूर अपनाएं यह एक बहुत ही ज्यादा कारगर और फायदेमंद आसान है .

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